सुदामा चरित्र ने किया भाव-विभोर, महाप्रसाद के साथ भागवत कथा का विश्राम
खरगोन जिले से
बरूड़। श्रीकृष्ण मंदिर बरूड़ में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद् भागवत कथा का श्रद्धा-भक्तिभाव के साथ विश्राम हुआ।
अंतिम दिवस कथा वाचक पंडित श्री निशांत जी परसाई ने सुदामा चरित्र, राजा परीक्षित के मोक्ष एवं कलियुग का वर्णन किया।
सात दिनों में भक्त प्रहलाद, गजेंद्र मोक्ष, श्रीराम जन्म, श्रीकृष्ण जन्मोत्सव, बाल लीलाएं एवं गोवर्धन पूजा सहित विभिन्न प्रसंग सुनाए गए।

कृष्ण-सुदामा की मित्रता और भक्ति का प्रसंग श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण रहा।
सुदामा चरित्र में कृष्ण गुप्ता ने भगवान श्रीकृष्ण एवं श्रेयस गुप्ता ने सुदामा के पात्र की सुंदर झांकी प्रस्तुत की।
झांकी ने उपस्थित श्रद्धालुओं को भाव-विभोर कर दिया।
कथा के दौरान धर्म, भक्ति और सदाचार के मार्ग पर चलने का संदेश दिया गया।

राजा परीक्षित के मोक्ष प्रसंग के साथ कथा का समापन हुआ।
अंत में महाप्रसाद का वितरण किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।