*आलोट पुलिस की कार्यवाही सवालों के घेरे में*
*आलोट। रतलाम*
आलोट पुलिस की हालिया कार्रवाई में देखने को मिला है। केसे एक गुनाहगार के पिता की रिपोर्ट पर आलोट पुलिस ने उल्टी कार्यवाही की विक्रमगढ़ आलोट में करीब छह माह पूर्व हुई
एक हत्या के कारण आगजनी और तोड़फोड़ की घटना हुई क्योंकि पुलिस ने समय पर कार्रवाई नहीं की और अपने ठीले रवेये के कारण फरियाद परिवार और समाज के लोगो ने भावावेश में आकर आरोपी हत्यारे की क्लीनिक और मकान में तोड़फोड़ कर आग लगाने का आरोप है। पुलिस ने घटना से जुड़े वीडियो फुटेज एवं अन्य माध्यमों से प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया।
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, 2 मई 2026 को विक्रमगढ़ के माली मोहल्ले में मनीष माली की हत्या की घटना के बाद आक्रोशित लोगों द्वारा हत्यारे लड़के के पिता प्रकाश माली जो खुद पूर्व में एक बंगाली डाक्टर की हत्या में आरोपी हैं के पठान मोहल्ला स्थित क्लीनिक एवं मकान में तोड़फोड़ कर आगजनी की गई थी। मामले में प्रकाश माली की रिपोर्ट पर 3 मई 2026 को थाना आलोट में अपराध क्रमांक 202/2026, धारा 324 (5), 326 (जी) बीएनएस के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया था।
घटना के बाद पुलिस ने वीडियो फुटेज और अन्य माध्यमों से प्राप्त साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की। विवेचना के दौरान पुलिस ने कार्रवाई करते हुए हरीश उर्फ हरिशंकर माली (36), सुरेश माली (51), मोनू माली (21), घनश्याम उर्फ गणेश माली (50), जगदीश माली (39), मुकेश माली (40), रवि उर्फ नानटा (33) तथा एक अन्य मुकेश माली (40), सभी निवासी मालीपुरा विक्रमगढ़, को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश किया जा रहा है। आलोट पुलिस की कथित कार्रवाई आमजन में सवालों के घेरे में है की जिसके बेटे की हत्या हुई उसको आलोट पुलिस न्याय नहीं दिला पाई और उल्टा गरीब फरियादी के परिवार के लोगों को आरोपी बना दिया अगर आलोट पुलिस समय रहते सही कदम उठा लेती तो फरियादी परिवार को कानून हाथ में नहीं लेना पड़ता।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में हुई कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक अमित कुमार के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण विवेक कुमार लाल के मार्गदर्शन तथा अनुविभागीय अधिकारी पुलिस पल्लवी गौर के मार्गदर्शन में थाना आलोट पुलिस ने यह कार्रवाई की। थाना प्रभारी निरीक्षक योगेश पाटीदार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने प्रकरण की विवेचना और आरोपियों की गिरफ्तारी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
विवेचना और आरोपियों की गिरफ्तारी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
इनकी रही भूमिका
कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक योगेश पाटीदार, उपनिरीक्षक मनोज पाटीदार, उपनिरीक्षक प्रमोद राठौर, सहायक उपनिरीक्षक दशरथ पाटीदार सहित प्रधान आरक्षक राहुल राठौर, प्रधान आरक्षक कृष्णपाल सिंह, आरक्षक लोकेन्द्र, ईश्वर सिंह, विनोद, सुनील, चालक आरक्षक अनिल कुमार, अजीत जाट, अभिमनंदन, सोनक पोरवाल, शुभम भाटी एवं लोकेश पाटीदार का योगदान रहा।

आलोट पुलिस की इस कार्रवाई से स्पष्ट संदेश है कि गरीबों को न्याय लेट मिलेगा और पहले आरोपी और पैसे वालों की सुनवाई होगी।
*रतलाम से प्राइमस संदेश जिला न्यूज ब्यूरो प्रमुख शेरिल रश्मि साल्वी की रिपोर्ट*