कोसमंदा गांव में विवाह समारोह के दौरान शराब के नशे में धुत दूल्हे को देखकर दुल्हन ने सिंदूर रस्म के समय दूल्हे को बारात सहित वापस लौटाया था* * *नशे को कहा “ना”, बनीं महिला सशक्तिकरण की मिसाल* * *साहसी बेटी (दुल्हन) को जांजगीर-चांपा पुलिस ने बनाया परिवार परामर्श केंद्र की महिला काउंसलर*
* *कोसमंदा गांव में विवाह समारोह के दौरान शराब के नशे में धुत दूल्हे को देखकर दुल्हन ने सिंदूर रस्म के समय दूल्हे को बारात सहित वापस लौटाया था*
* *नशे को कहा “ना”, बनीं महिला सशक्तिकरण की मिसाल*
* *साहसी बेटी (दुल्हन) को जांजगीर-चांपा पुलिस ने बनाया परिवार परामर्श केंद्र की महिला काउंसलर*
* *नशे को कहा ना, समाज को दिया संदेश; जांजगीर-चांपा पुलिस ने किया सम्मानित”*
जांजगीर-चांपा, समाज में नशामुक्ति और महिला सशक्तिकरण का प्रेरणादायक संदेश देने वाली एक साहसी बेटी को जांजगीर-चांपा पुलिस ने विशेष सम्मान प्रदान किया है। थाना चांपा क्षेत्र अंतर्गत ग्राम कोसमंदा की एक युवती ने विवाह समारोह के दौरान शराब के नशे में धुत दूल्हे को सिंदूर रस्म के समय देखकर साहसिक निर्णय लेते हुए पूरी बारात को वापस लौटा दिया था। उनके इस कदम की पूरे क्षेत्र में व्यापक सराहना हुई थी।
इस साहसी एवं सामाजिक संदेश देने वाले निर्णय को देखते हुए *पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय (IPS)* ने उक्त बेटी को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में सम्मानित किया। साथ ही समाज में सकारात्मक बदलाव और पारिवारिक विवादों के समाधान में उनकी सहभागिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उन्हें परिवार परामर्श केंद्र, जांजगीर का महिला काउंसलर नियुक्त किया गया।
*पुलिस अधीक्षक* ने कहा कि नशे के विरुद्ध युवती का यह साहसिक कदम समाज के लिए प्रेरणास्रोत है तथा युवाओं और महिलाओं को अपने अधिकारों एवं आत्मसम्मान के प्रति जागरूक रहने का संदेश देता है।
*इस अवसर पर* अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री उमेश कुमार कश्यप, सीएसपी जांजगीर योगिताबाली खापर्डे, डीएसपी सतरूपा तारम, थाना प्रभारी चांपा निरीक्षक अशोक वैष्णव सहित क्षेत्र के जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
*युवती के इस निर्णय* को महिला सम्मान, आत्मगौरव एवं नशामुक्त समाज की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। जांजगीर-चांपा पुलिस द्वारा दिया गया यह सम्मान निश्चित रूप से समाज में सकारात्मक सोच और जागरूकता को बढ़ावा देगा।