News By- हिमांशु उपाध्याय/ नितिन केसरवानी
पैर में लगी गोली, अवैध तमंचा-कारतूस व बाइक बरामद; पुलिस के सामने गिड़गिड़ाकर माफी मांगता नजर आया आरोपी
कौशाम्बी: पिपरी थाना क्षेत्र के मनौरी स्थित चिल्ला शहबाजी में 31 अगस्त को पटाखा फैक्ट्री में हुए भीषण विस्फोट के मामले में पुलिस ने फरार चल रहे 50 हजार रुपये के इनामी आरोपी शकील अहमद को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। शुक्रवार देर रात हुई इस कार्रवाई में पुलिस की जवाबी फायरिंग के दौरान आरोपी के पैर में गोली लगी। घायल आरोपी को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने उसके कब्जे से 315 बोर का तमंचा, कारतूस और बाइक बरामद करने का दावा किया है।
विस्फोट कांड में अब तक 14 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि तीन घायलों का प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल में उपचार चल रहा है। घटना के बाद से ही पुलिस फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश और घेराबंदी कर रही थी।

घेराबंदी के दौरान पुलिस पर फायरिंग का आरोप
पुलिस के मुताबिक शुक्रवार देर रात शकील के बारे में सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम ने उसकी घेराबंदी की। खुद को पुलिस से घिरा देखकर आरोपी ने कथित तौर पर पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में शकील के पैर में गोली लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा। इसके बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया और उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया।
तलाशी के दौरान पुलिस को आरोपी के पास से अवैध 315 बोर का तमंचा और कारतूस बरामद हुए। साथ ही एक बाइक भी पुलिस के कब्जे में ली गई है। मुठभेड़ के बाद पुलिस पूरे मामले में बरामदगी और आरोपी की भूमिका की जांच कर रही है।

पुलिस के सामने माफी मांगता नजर आया शकील
गिरफ्तारी के बाद घायल शकील का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें वह पुलिस के सामने अपनी करतूत के लिए माफी मांगता और गिड़गिड़ाता नजर आ रहा है। बताया जा रहा है कि आरोपी पुलिस से माफी की गुहार लगाते हुए अपनी गलती स्वीकार करने की बात कह रहा था। हालांकि, उसके द्वारा कही गई बातों की पुलिस स्तर पर विधिक जांच की जा रही है।

14 मौतों के बाद पुलिस का शिकंजा तेज
मनौरी के चिल्ला शहबाजी में पटाखा फैक्ट्री में हुए विस्फोट ने पूरे जिले को झकझोर दिया था। हादसे में अब तक 14 लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें बड़ी संख्या में बच्चे भी शामिल हैं। घटना के बाद पुलिस और प्रशासन ने अवैध पटाखा निर्माण तथा विस्फोटक सामग्री के कारोबार से जुड़े लोगों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी।
पुलिस ने मामले में छह लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। इनमें से पांच आरोपियों को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी थी, जबकि शकील फरार चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी पर पुलिस की ओर से 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। अब मुठभेड़ के बाद उसकी गिरफ्तारी के साथ पुलिस का दावा है कि मामले में नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी पूरी हो गई है।
एसपी बोले—कार्रवाई ऐसी होगी जो नजीर बनेगी
पुलिस अधीक्षक सत्य नारायण ने कहा कि पटाखा फैक्ट्री विस्फोट कांड के आरोपियों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई की जा रही है, जो आने वाले समय में नजीर बनेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ करने वाले अवैध पटाखा और विस्फोटक कारोबारियों के खिलाफ पुलिस किसी भी स्तर पर नरमी नहीं बरतेगी।
एसपी ने कहा कि अवैध तरीके से पटाखे या विस्फोटक तैयार कर लोगों की जान जोखिम में डालने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस की कार्रवाई का उद्देश्य ऐसे अवैध कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाना है, ताकि भविष्य में इस तरह की दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
क्षेत्राधिकारी मंझनपुर द्वारा दी गई वीडियो बाइट।
तीन घायलों का एसआरएन में इलाज जारी
विस्फोट की घटना में घायल हुए लोगों में से तीन का अभी प्रयागराज के एसआरएन अस्पताल में उपचार चल रहा है। पुलिस और प्रशासन की ओर से घटना के बाद राहत, उपचार और कानूनी कार्रवाई को लेकर लगातार निगरानी की जा रही है।
शकील की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस उसके संपर्कों, अवैध पटाखा निर्माण में उसकी भूमिका और विस्फोटक सामग्री की व्यवस्था से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जायेगी।