सिंगरौली में करोड़ों के घोटाले का पर्दाफाश: डीईओ समेत 4 अधिकारी लोकायुक्त के शिकंजे में
स्कूल सामग्री खरीदी में बड़ा खेल! नियमों को ताक पर रख करोड़ों की अनियमितता पर FIR दर्ज
सिंगरौली में करोड़ों के घोटाले का पर्दाफाश: डीईओ समेत 4 अधिकारी लोकायुक्त के शिकंजे में
स्कूल सामग्री खरीदी में बड़ा खेल! नियमों को ताक पर रख करोड़ों की अनियमितता पर FIR दर्ज
सिंगरौली। मध्य प्रदेश में भ्रष्टाचार के मामलों में लगातार बढ़ोतरी के बीच सिंगरौली जिले से एक बड़ा घोटाला सामने आया है। स्कूल शिक्षा विभाग में करोड़ों रुपए की सामग्री खरीदी में भारी अनियमितता पाए जाने पर लोकायुक्त ने जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) समेत चार अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
लोकायुक्त रीवा के एसपी सुनील कुमार पाटीदार के अनुसार यह कार्रवाई संतोष कुमार (निवासी वर्दी, तहसील चितरंगी, जिला सिंगरौली) की शिकायत पर विस्तृत जांच के बाद की गई। जांच में प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों को नामजद आरोपी बनाया गया है।
एफआईआर में जिला शिक्षा अधिकारी सूर्यभान सिंह, सहायक संचालक (शिक्षा) राजधर साकेत, जिला परियोजना समन्वयक रामलखन शुक्ला, सहायक परियोजना समन्वयक (वित्त) छविलाल सिंह सहित अन्य को आरोपी बनाया गया है।
इन मदों में हुई संदिग्ध खरीदी
स्वच्छता सामग्री: 558 शालाओं के लिए 97 लाख 67 हजार 790 रुपए
वर्चुअल रियलिटी लैब: 19 विद्यालयों के लिए 4 करोड़ 68 लाख 16 हजार रुपए
विद्युत एवं मरम्मत सामग्री: 61 विद्यालयों के लिए 3 करोड़ 5 लाख रुपए
लोकायुक्त एसपी ने बताया कि शिकायत में आरोप लगाया गया था कि डीईओ द्वारा नियमों के विपरीत जाकर खरीदी की गई और पद का दुरुपयोग कर प्रशासनिक कार्यों में अनियमितता बरती गई। जांच के बाद आरोपों में पर्याप्त आधार मिलने पर यह बड़ी कार्रवाई की गई।
इस पूरे मामले के सामने आने के बाद शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया है, वहीं प्रदेश में बढ़ते भ्रष्टाचार को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।